तुम जो आ गये हो जिंदगी मे,
खुशियों का सैलाब आ गया है।।
हिम्मत ना थी जिसका देखूं सपना,
हकीकत मे वो नज़र ख्वाब आ गया है।।
थी तारों सी टिमटिमाती मेरी जिंदगी,
अमावसी अंधेरे मे पूर्णिमासी चांद छा गया है।।
सूखा सावन थी मेरी जिंदगी एक बूंद बिना,
तेरे आने से पपीहा जीवन मल्हार पा गया है।।
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